रायपुर। छत्तीसगढ़ में मानसून एक्टिव है। आज (10 अगस्त) प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। उत्तर छत्तीसगढ़ में कुछ जगहों पर भारी बारिश का अलर्ट है। प्रदेश में अब तक सामान्य से 5% कम पानी बरसा है।
प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। कुछ जगहों पर भारी बारिश दर्ज की गई। मुंगेली और रायपुर जिले में एक-दो स्थानों पर भारी बारिश हुई।
रविवार को मुंगेली के लोरमी ब्लॉक में भारी बारिश से पसरहा पारा टापू में बदल गया। करीब 200 लोग 24 घंटे तक फंसे रहे। SDRF ने नावों की मदद से 10 घंटे के रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद सभी को सुरक्षित राहत शिविर पहुंचाया।
राहत शिविर पहुंचाए गए ग्रामीण
रविवार को मुंगेली के लोरमी ब्लॉक में भारी बारिश से पसरहा पारा टापू में बदल गया। 24 घंटे से फंसे करीब 200 ग्रामीणों को SDRF ने नावों की मदद से 10 घंटे के रेस्क्यू ऑपरेशन में सुरक्षित राहत शिविर पहुंचाया गया।
मुंगेली में टापू से 200 ग्रामीणों का रेस्क्यू किया गया।
2020 के बाद पहली बार इतनी मात्रा में पानी छोड़ा गया है। स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन ने अलर्ट जारी किया है।
नेशनल हाईवे-45 पर गाड़ियां फंसी
इधर, बिलासपुर–रतनपुर–पेंड्रा रोड–गौरेला को जोड़ने वाली नेशनल हाईवे-45 पर कीचड़ और गड्ढों के कारण भारी वाहन फंस रहे हैं, जिससे लंबा जाम लग गया था।
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में भारी बारिश के बीच शनिवार शाम गौरेला शहर के वार्ड नंबर 8 में एक जर्जर मकान ढह गया। मकान की दीवारों में पहले ही दरारें आ गई थीं, जिसके चलते समय रहते घर खाली करा लिया गया और बड़ा हादसा टल गया।
कोडार डैम 100% भरा
महासमुंद जिले में लगातार बारिश से कोडार डैम 100% भर गया है। 9 अगस्त की जल संसाधन विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक, जलस्तर 295.62 मीटर पहुंच गया, जो FRL 295.35 मीटर से 0.27 मीटर अधिक है। अब डैम से पानी छोड़ा जा रहा है।
30°C के साथ रायपुर सबसे गर्म
मौसम विभाग के मुताबिक आज 10 अगस्त को रायपुर में बादल छाए रह सकते हैं। एक-दो दौर की बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। अधिकतम तापमान 31°C और न्यूनतम तापमान 25°C के आसपास रहने की संभावना है।
प्रदेश में सबसे अधिक अधिकतम तापमान रायपुर में 30°C दर्ज किया गया। वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान पेंड्रा रोड में 22.4°C रहा।
अब तक 650.9 मिमी (25.6 इंच) बारिश, सामान्य से 5% कम
छत्तीसगढ़ में मानसून की स्थिति जिलेवार अलग-अलग बनी हुई है। प्रदेश में अब तक 650.9 मिमी (25.6 इंच) बारिश दर्ज की गई है, जबकि इस अवधि में सामान्य बारिश 686.6 मिमी (27.0 इंच) होनी चाहिए थी। यानी राज्य स्तर पर बारिश 5% कम है। इसके बावजूद मौसम विभाग की श्रेणी में प्रदेश में बारिश सामान्य मानी गई है।
अगले दो दिन भी बारिश के आसार
मौसम विभाग ने अगले दो दिनों में प्रदेश के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई है। इस दौरान कुछ स्थानों पर भारी बारिश के साथ गरज-चमक और बिजली गिरने की संभावना भी है।
मौसम विभाग के अनुसार, निम्न दबाव क्षेत्र के साथ जुड़ा चक्रवाती परिसंचरण समुद्र तल से करीब 7.6 KM की ऊंचाई तक फैला है। मानसून द्रोणिका भी निम्न दबाव क्षेत्र से होकर गुजर रही है, जिसके चलते प्रदेश में बारिश की गतिविधियां बनी हुई हैं।




