कोरबा। जिले के कटघोरा वन मंडल के केंदई रेंज में मादा भालू और उसके दो शावकों की करंट लगने से मौत हो गई। इस मामले में रेंजर ने विभाग के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए हैं। यह घटना 11 केवी बिजली का तार टूटने के कारण हुई, जो एक पेड़ की टहनी गिरने से हुआ था।
यह घटना गुरुवार दोपहर को हुई, जब ग्राम सलाईगोट के ग्रामीण खेत की ओर जा रहे थे। उन्होंने टूटे हुए बिजली के तार और भालुओं के शव देखे। ग्रामीणों ने तुरंत वन विभाग को इसकी सूचना दी।ग्रामीणों ने बताया कि बिजली का तार टूटने से क्षेत्र में आपूर्ति बंद हो गई थी, लेकिन जंगल से गुजर रही 11 केवी की लाइन में करंट प्रवाहित हो रहा था। एक बड़ी टहनी तार पर गिरने से खंभे से अर्थिंग आ रही थी, जिससे तार में करंट बना हुआ था।
विभाग पर लापरवाही का आरोप
ग्रामीणों ने संबंधित विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि लंबे समय तक करंट प्रवाहित होने से ग्रामीणों को भी खतरा हो सकता था। वन विभाग ने इस मामले में जांच शुरू कर दी है।
वन परिक्षेत्र अधिकारी निशांत कुमार ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित विभाग के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश जारी किए गए हैं।
अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग
केंदई वन परिक्षेत्र (सामान्य) ने वन संरक्षण अधिनियम 1980 के तहत कार्रवाई का अनुरोध किया है। अधिनियम के उल्लंघन पर संबंधित पारेषण कंपनी के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।



