छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ः गुस्से में सिंधी समाज, भगवान झूलेलाल को लेकर की गई गलत टिप्पणी, सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट की पुलिस से शिकायत

रायपुर। सिंधी समुदाय के अराध्य झूलेलाल पर गलत टिप्पणियां की गई हैं। इससे सिंधी समुदाय नाराज है। सोशल मीडिया पर कुछ समूह लगातार समाज के प्रति ऐसी बातें लिख रहे हैं, जिससे इनकी भावनाएं आहत हुई हैं। अब यह विवाद सोशल मीडिया से निकलकर थाने जा पहुंचा है।

मंगलवार को सिंधी समाज के वरिष्ठ और युवा पदाधिकारियों का समूह रायपुर के सिविल लाइंस थाने पहुंचा। यहां सभी ने सोशल मीडिया पर की जा रही बातों के बारे में पुलिस को बताया। समाज के पदाधिकारियों ने कुछ सोशल मीडिया अकाउंट्स की जानकारी भी पुलिस को दी है। इन पर कार्रवाई करने की मांग की गई है।

होगी FIR
शिकायत के बारे में पूर्व विधायक श्रीचंद सुंदरानी ने कहा कि कुछ लोगों ने हमारी आस्था के विषय पर गलत बातें कहीं हैं। ये ठीक नहीं है। इसकी शिकायत की गई है। पुलिस ने प्राथमिक जांच के लिए 24 घंटे का वक्त मांगा है इसके बाद FIR दर्ज करने की बात कही गई है। समाज के अन्य पदाधिकारियों ने कहा कि शांत प्रदेश को अशांत करने की ओछी हरकत है।

कटोरा तालाब को लेकर भी बातें
सोशल मीडिया पर शहर के कटोरा तालाब का नाम झूलेलाल सरोवर किए जाने का भी कुछ संगठन विरोध कर रहे हैं। इस पर भी कई तरह की बातें सिंधी समुदाय को टारगेट करते हुए लिखी जा रही हैं।

किताब पर हो चुका है बवाल
रायपुर में हाल ही में गुढ़ियारी में धार्मिक मामलों पर बवाल हो चुका है। यहां कुछ लोग कथित संत रामपाल की लिखी किताबें बांट रहे थे। गुढ़ियारी इलाके के भाजपा नेता प्रीतम सिंह ने बताया था कि कुछ लोग रामपाल की किताब बांट रहे थे। जिसमें भगवान राम से जुड़ी आपत्तिजनक टिप्पणियां लिखी हुई थी । इसे प्रचारित किया जा रहा था। हमने इसका विरोध किया तो किताब बांट रहे लोगों ने बदसलूकी की। इस मामले की शिकायत हमने थाने में की है और कार्रवाई की मांग की है।

छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना का नेता जा चुका है जेल
जैन साधु-संतों व मुनियों के खिलाफ अभद्र व विवादित टिप्पणी करने के आरोप में छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के नेता अमित बघेल को 31 मई 2022 को गिरफ्तार कर लिया गया था। वह हसदेव अरण्य मामले में प्रदर्शन करने सरगुजा गया था। बालोद जिले की पुलिस ने उसे वहीं से गिरफ्तार किया । छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के कार्यकर्ताओं ने गिरफ्तारी का विरोध करते हुए जमकर नारेबाजी भी की थी। हाल में उसे रिहा किया गया है।