छत्तीसगढ़

गाजियाबाद की कथित दुष्कर्म पीड़िता गिरफ्तार, दिन में जीटीबी अस्पताल से हुई थी डिस्चार्ज

नईदिल्ली I गाजियाबाद के नंदग्राम क्षेत्र में अपने साथ सामूहिक एवं नृशंस दुष्कर्म की झूठी कहानी गढ़ने वाली नर्स को शनिवार शाम को गिरफ्तार कर लिया गया। इससे पहले दिन में उसे दिल्ली के जीटीबी अस्पताल से डिस्चार्ज किया गया था। अस्पताल के आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, उसकी हालत में सुधार है। पुलिस उसके अस्पताल से डिस्चार्ज होने का ही इंतजार कर रही थी।

दिल्ली के नंद नगरी निवासी नर्स (38) को 18 अक्तूबर सुबह 7.15 बजे भर्ती कराया गया था। यहां अस्पताल के प्रोटोकॉल के अनुसार उससे पूछताछ व इलाज किया गया। उसे शनिवार 22 अक्तूबर शनिवार को डिस्चार्ज किया गया, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।

नर्स को शनिवार को दिल्ली के जीटीबी अस्पताल से डिस्चार्ज होते ही पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में तीन आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। जीटीबी अस्पताल के डॉक्टरों के अनुसार, आरोपी महिला की हालत में पहले से सुधार है। इनमें नर्स के साथ मिलकर योजना बनाने वाला आजाद भी शामिल है।

गाजियाबाद शहर के नंदग्राम इलाके में दिल्ली की 38 वर्षीय नर्स के साथ निर्भया जैसी दरिंदगी होने का सनसनीखेज आरोप लगाते हुए केस दर्ज कराया गया था। बताया गया था कि वह नंदग्राम में भाई के घर से उसके जन्मदिन समारोह में शामिल होकर दिल्ली अपने घर लौट रही थी। भाई ने आरोप लगाया था कि चार युवक बहन को 16 अक्तूबर की रात दस बजे स्कार्पियो गाड़ी में डाल जंगल में ले गए। वहां एक और ने मिलकर दुष्कर्म किया और उसके प्राइवेट पार्ट में लोहे की रॉड डाल दी।

स्वाति मालीवाल ने यूपी के सीएम योगी को पत्र लिखा

दिल्ली महिला आयोग (डीसीडब्ल्यू) की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने इस संबंध में यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर उनसे उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है। उन्होंने ट्वीट कर बताया, ”गाजियाबाद केस में UP CM को पत्र भेजा है। मामले की जांच हाई लेवल कमिटी से करवाने की मांग की है। UP पुलिस का दावा है की केस फर्जी है। कमिटी द्वारा अगर ये सच पाया जाता है तो लड़की पे सख्त से सख्त कार्यवाही होनी चाहिए।”